निर्वावन आयोग और भाजपा के बीच ‘साझेदारी’, एसआईआर वोट की संस्थागत चोरी: राहुल गांधी
अररिया/पूर्णिया. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने रविवार को निर्वाचन आयोग पर केंद्र में सत्तारूढ. भाजपा के साथ “साझेदारी” करने का आरोप लगाया और कहा कि वह बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के नाम पर होने वाली ह्लसंस्थागत वोट चोरीह्व को नाकाम करेंगे.
पखवाड़े भर चलने वाली ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के एक सप्ताह बाद, गांधी इसे मिली प्रतिक्रिया से प्रसन्न दिखे और दावा किया कि लोग “स्वाभाविक रूप से, बिना कहे” इसमें भाग ले रहे हैं और ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ का नारा अब “छह साल के बच्चों” की जुबान पर भी है.
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने यात्रा के दूसरे चरण का समापन अररिया जिले में एक संवाददाता सम्मेलन के साथ किया. वह निकटवर्ती पूर्णिया से एक मोटरसाइकिल रैली के साथ पहुंचे थे. मोटरसाइकिल रैली पहले से तय नहीं थी. यात्रा अब मंगलवार को फिर से शुरू होगी.
कांग्रेस नेता गांधी ने अपने बगल में बैठे राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव को मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित करने में अनिच्छा के बारे में पूछे गए सवाल को टाल दिया, जबकि यादव ने अगले लोकसभा चुनाव के बाद गांधी को प्रधानमंत्री बनाने की हाल में खुली वकालत की थी.
गांधी ने कहा, ” ‘इंडिया’ गठबंधन के सभी सहयोगी बिना किसी तनाव के आपसी सम्मान की भावना से मिलकर काम कर रहे हैं. हम मिलकर चुनाव लड़ेंगे और नतीजे अच्छे होंगे.” उन्होंने यह भी बताया कि आगामी विधानसभा चुनाव के लिए एक “घोषणापत्र समिति” काम कर रही है, जो बेहतर भंडारण सुविधाओं की जरूरत वाले किसानों को सुरक्षा प्रदान करने और कर्ज के बोझ से राहत दिलाने पर ध्यान केंद्रित करेगी.
रायबरेली से सांसद राहुल गांधी ने बताया, ”ये वही बातें हैं जिनका वादा हमने पिछले साल हुए लोकसभा चुनाव के अपने राष्ट्रीय घोषणापत्र में भी किया था.” गांधी ने आरोप लगाया, ”महाराष्ट्र, हरियाणा और कर्नाटक में वोट चुराये गए और निर्वाचन आयोग ने मुझसे तुरंत एक हलफनामा मांग लिया. इसके कुछ ही दिन बाद भाजपा नेता अनुराग ठाकुर ने भी इसी तरह के आरोप लगाए, लेकिन उनसे कोई हलफनामा नहीं मांगा गया. इसके अलावा, बिहार में, जहां 65 लाख लोगों के नाम मसौदा मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं, भाजपा ने कोई आवाज नहीं उठायी. ये सभी बातें भाजपा और निर्वाचन आयोग के बीच गुप्त साझेदारी की ओर इशारा करती हैं.” कांग्रेस नेता गांधी ने इस आरोप को भी खारिज किया कि वह ‘वोट चोरी’ का आरोप लगाकर निर्वाचन आयोग की छवि खराब कर रहे हें. उन्होंने कहा कि बिहार में छह साल के बच्चे भी ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ का नारा लगाते सुने जा सकते हैं.
उन्होंने कहा, ”स्पष्ट रूप से, विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के खिलाफ एक भावना है, जो वोट चुराने की एक संस्थागत कोशिश के अलावा और कुछ नहीं है. और हम वह होने नहीं देंगे.” यात्रा के बारे में उन्होंने कहा कि अब तक यह सफल रही है. गांधी ने दावा किया, ”लोग स्वाभाविक रूप से हमसे जुड़ रहे हैं, हमारी ओर से उन्हें शामिल करने के लिए कोई प्रयास नहीं किया जा रहा है.”
संवाददाता सम्मेलन को यादव और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी-लेनिनवादी) लिबरेशन के दीपांकर भट्टाचार्य ने भी संबोधित किया. दोनों ने इस बात पर जोर दिया कि बड़े पैमाने पर मतदाताओं के नाम हटाए जाने पर भाजपा द्वारा चिंता जताने की अनिच्छा ने उनके संदेहों की पुष्टि की है. उन्होंने कहा कि जिन मतदाताओं के नाम हटाये गए हैं, ”उनमें से कुछ ने उन्हें वोट दिया होगा.” यादव ने जहां निर्वाचन आयोग का मखौल उड़ाते हुए उसे ‘गोदी आयोग’ करार दिया, वहीं भट्टाचार्य ने भाजपा की मशीनरी की आलोचना की, जो “गलत तरीके से हटाए गए नामों को मतदाता सूची में बहाल करने के लिए बूथ स्तर के एजेंट को शामिल करने में असमर्थ रही.” संवाददाता सम्मेलन से पहले एक जनसभा हुई, जिसे नेताओं ने एक खुले वाहन के ऊपर से संबोधित किया.
ऐसा प्रतीत होता है कि यात्रा के दौरान कुछ आपसी मतभेदों को दूर करने में सफलता मिली है क्योंकि पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव को वाहन पर चढ.ने और एक जोशीला भाषण देने का मौका मिला. पप्पू यादव ने अपने संबोधन में तेजस्वी यादव को “बिहार की आशा” बताया तथा राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार के खिलाफ लगातार लड़ने के लिए राजद नेता की प्रशंसा की.
राजद नेता यादव ने भी अपने भाषण में पप्पू यादव की मौजूदगी का उल्लेख किया.
कांग्रेस समर्थक पप्पू यादव और युवा नेता कन्हैया कुमार को करीब एक महीने पहले पटना में एक खुले वाहन पर चढ.ने से रोक दिया गया था, जब राहुल गांधी सहित विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ के शीर्ष नेता एसआईआर के विरोध में निर्वाचन आयोग कार्यालय तक मार्च निकालने के लिए एकत्र हुए थे.
गांधी अपने राजनीतिक प्रवास के दौरान आम लोगों से संवाद करना पसंद करते हैं. उन्होंने अररिया में एक बच्चे को अपनी गाड़ी के पास बुलाया और सभा में मौजूद लोगों से कहा, ”इस बच्चे को देश के सबसे धनी व्यक्ति की संतान के समान ही वोट देने का अधिकार होगा. समानता का यह अधिकार बाबासाहेब आंबेडकर द्वारा लिखे संविधान में निहित है, जिसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा नष्ट करना चाहती है.” गांधी कहा, ”इन लोगों ने सार्वजनिक क्षेत्र का निजीकरण करके और सशस्त्र बलों में अग्निवीर योजना शुरू करके गरीबों के बेहतर भविष्य की सारी उम्मीदें छीन ली हैं. हमें उन्हें रोकना होगा.”
राहुल ने अपनी शादी के बारे में हल्के-फुल्के अंदाज में कहा – ‘बातचीत जारी है’
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने रविवार को अपनी शादी के बारे में हल्के-फुल्के अंदाज में कहा कि इस बारे में बातचीत जारी है. लोकसभा में विपक्ष के नेता ने यह बात राजद प्रमुख लालू प्रसाद द्वारा उन्हें पूर्व में दी गई विवाह की सलाह के संदर्भ में कही. गठबंधन सहयोगी और पारिवारिक मित्र लालू प्रसाद ने करीब दो साल पहले राहुल गांधी को विवाह करने की सलाह दी थी.
पचपन वर्षीय राहुल गांधी ने यह टिप्पणी बिहार के अररिया जिले में ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के दौरान संवाददाता सम्मेलन में तब कही, जब प्रसाद के बेटे तेजस्वी यादव ने केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान को शादी करने पर विचार करने की सलाह दी. इस पर गांधी ने कहा कि उन्हें भी दो साल पहले तेजस्वी के पिता से ऐसा ही सुझाव मिला था. प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान एक पत्रकार ने यादव से पासवान द्वारा राष्ट्रीय पार्टी को क्षेत्रीय पार्टी का ”पिछलग्गू” बताकर राजद और कांग्रेस के बीच दरार डालने की कोशिशों के बारे में सवाल पूछा.
इसपर बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने कहा, ”मैं चिराग पासवान को उन्हीं की भाषा में जवाब दे सकता हूं, किसी पार्टी का नहीं, बल्कि एक व्यक्ति का हनुमान होने के उनके दावों का मजाक उड़ा सकता हूं.” लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान अक्सर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रति अपनी निष्ठा की तुलना भगवान हनुमान की भगवान राम के प्रति भक्ति से करते रहे हैं.
यादव ने कहा, ”मैं इसपर कोई टिप्पणी नहीं करूंगा, लेकिन उन्हें सलाह जरूर दूंगा कि हमारे बड़े भाई हैं जल्द से जल्द शादी कर लें.” राहुल गांधी, जिन्हें तेजस्वी यात्रा के दौरान लगातार ‘बड़े भाई’ कहते रहे हैं, ने माइक लिया और कहा, ”यह सलाह मुझ पर भी लागू होती है. उनके (तेजस्वी) पिता से बातचीत चल रही है.” लगभग दो साल पहले पटना में हुई एक प्रेसवार्ता के दौरान लालू प्रसाद ने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा था, ”हम राहुल गांधी से आग्रह करेंगे कि वह शादी कर लें. यह उनकी मां (सोनिया गांधी) की भी हार्दिक इच्छा है. हम उन्हें दूल्हा के रूप में देखना चाहते हैं और बारात में शामिल होना चाहते हैं.”
बिहार यात्रा के दौरान अज्ञात व्यक्ति ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को गले लगाया और चूमा
कांग्रेस नेता राहुल गांधी रविवार को बिहार में अपनी ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के दौरान उस समय हैरान रह गए, जब एक अज्ञात व्यक्ति ने उन्हें अचानक गले लगा लिया और उनके कंधे पर चुंबन ले लिया. यह घटना पूर्णिया जिले में हुई, जहां से गांधी मोटरसाइकिल से आज के अपने अंतिम पड़ाव अररिया के लिए रवाना हुए.
राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी यादव समेत सैकड़ों लोग बाइक सवार राहुल गांधी के साथ चल रहे थे, तभी गहरे पैंट और शर्ट पहने एक युवक ने उन्हें गले लगा लिया. लोकसभा में विपक्ष के नेता (एलओपी) जब अपने दोपहिया वाहन को संतुलित रहे थे, तो सुरक्षार्किमयों ने युवक को थप्पड़ मारकर एक तरफ धकेल दिया.
सुरक्षा में चूक के बारे में पूछे जाने पर पूर्णिया की पुलिस अधीक्षक (एसपी) स्वीटी सहरावत ने फोन पर ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ”एलओपी की सुरक्षा में ‘क्लोज प्रोटेक्शन टीम’ (सीपीटी) थी, जिसने स्थिति को संभाल लिया. हालांकि, अगर सीपीटी स्थानीय पुलिस को कोई चिंता जताती है, तो हम संबंधित व्यक्ति का पता लगाएंगे और आवश्यक कार्रवाई करेंगे.” कांग्रेस की बिहार इकाई के अध्यक्ष राजेश कुमार समेत कुछ बाइक सवारों द्वारा हेलमेट न पहनने के बारे में पूछे जाने पर सहरावत ने कहा, ”सीसीटीवी फुटेज की जांच करने और अपराधियों को दंडित करने की व्यवस्था है.” कुमार उस मोटरसाइकिल पर पीछे बैठे थे, जिसे राहुल गांधी चला रहे थे.