गाजा युद्ध के दो साल पूरे होने के दौरान मिस्र में इजराइल और हमास के बीच वार्ता
इजराइल पर हमास के हमले की दूसरी बरसी: कई देशों में फलस्तीन के समर्थन में हुए प्रदर्शन
काहिरा/अंकारा. इजराइल और हमास के बीच शांति वार्ता मंगलवार को मिस्र के एक रिसॉर्ट शहर में फिर से शुरू हो रही है. लाल सागर के शर्म अल शेख रिसॉर्ट में अप्रत्यक्ष वार्ता का दूसरा दिन पिछले सप्ताह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा प्रस्तावित योजना पर केंद्रित है, जिसका उद्देश्य गाजा में युद्ध को समाप्त करना है.
सोमवार को कई घंटों की बातचीत के बाद, चर्चा की जानकारी रखने वाले मिस्र के एक अधिकारी ने बताया कि दोनों पक्ष पहले चरण की ज्यादातर शर्तों पर सहमत हो गए हैं, जिनमें बंधकों की रिहाई और युद्धविराम शामिल है. इस योजना को व्यापक अंतरराष्ट्रीय समर्थन मिला है, और ट्रंप ने सोमवार को पत्रकारों से कहा कि उन्हें लगता है कि एक ”स्थायी समझौते” की ”काफी अच्छी संभावना” है. उन्होंने कहा, ”यह गाजा से परे है…यह असल में पश्चिम एशिया में शांति स्थापना है.” ट्रम्प की शांति योजना
हालांकि, कई अनिश्चितताएं बनी हुई हैं, जिनमें हमास के निरस्त्रीकरण की मांग और गाजा के भविष्य के शासन की मांग शामिल है.
इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू लंबे समय से कह रहे हैं कि हमास को आत्मसमर्पण और निरस्त्रीकरण करना होगा, लेकिन हमास ने अभी तक इस पर कोई टिप्पणी नहीं की है कि वह ऐसा करने को तैयार होगा या नहीं. इस योजना में हमास के निरस्त्रीकरण के बाद इजराइल द्वारा गाजा से अपने सैनिकों को वापस बुलाए जाने और एक अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा बल की स्थापना की परिकल्पना की गई है. इसके बाद, इस क्षेत्र को अंतरराष्ट्रीय शासन के अधीन कर दिया जाएगा, जिसकी देखरेख ट्रंप और ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर करेंगे.
यह युद्ध 7 अक्टूबर 2023 को शुरू हुआ, जब हमास के नेतृत्व वाले चरमपंथियों ने दक्षिणी इजराइल में धावा बोल दिया और लगभग 1,200 लोगों, जिनमें ज्यादातर नागरिक थे, की हत्या कर दी और 251 लोगों का अपहरण कर लिया. संयुक्त राष्ट्र द्वारा नियुक्त विशेषज्ञों सहित, अन्य विशेषज्ञों ने कहा है कि गाजा पट्टी में इजराइल का आक्रमण नरसंहार के बराबर है. हालांकि, इस आरोप का इजराइल पुरजोर खंडन करता है.
दो साल पहले हमास द्वारा हमला किए गए क्षेत्र में, मंगलवार को हजारों इजराइली अपने दिवंगत प्रियजनों को श्रद्धांजलि देने के लिए एकत्रित हुए. इस बीच, गाजा शहर के निवासियों ने बताया कि इजराइली हमले मंगलवार तड़के तक जारी रहे, हालांकि किसी के हताहत होने की तत्काल कोई खबर नहीं है.
मंगलवार को वार्ता फिर से शुरू होने से पहले, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने शत्रुता समाप्त करने का आह्वान किया.
कतर और मिस्र के मध्यस्थ वार्ता को सुगम बना रहे हैं. सोमवार को पहले हमास के प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों के साथ और बाद में इजराइल के प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों के साथ बैठक की.
इजराइल के प्रतिनिधिमंडल में बंधकों और नेतन्याहू के कार्यालय से लापता लोगों के समन्वयक गैल हिर्श शामिल हैं, जबकि हमास के प्रतिनिधियों में समूह के शीर्ष वार्ताकार खलील अल-हय्या शामिल हैं.इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय ने कहा कि विदेश नीति सलाहकार ओफिर फॉक इजराइल की ओर से वार्ता में शामिल होंगे. मिस्र के स्थानीय मीडिया के अनुसार अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ और ट्रंप के दामाद जेरेड कुशनर के भी वार्ता में शामिल होने की उम्मीद है. हमास ने कहा कि वार्ता युद्धविराम के पहले चरण पर केंद्रित होगी, जिसमें इजराइली बलों की आंशिक वापसी और इजराइल की हिरासत में फलस्तीनी कैदियों के बदले गाजा में चरमपंथियों द्वारा बंधक बनाए गए लोगों की रिहाई शामिल है.
शांति के लिए यह नवीनतम प्रयास हमास द्वारा अमेरिकी शांति योजना के कुछ शर्तों को स्वीकार करने के बाद आया है, जिसका इजराइल ने भी समर्थन किया है. इस योजना के तहत हमास शेष 48 बंधकों को तीन दिन के भीतर रिहा कर देगा, सत्ता छोड़ देगा और हथियार त्याग देगा. इन बंधकों में से लगभग 20 के जीवित होने की संभावना है.
इजराइल पर हमास के हमले की दूसरी बरसी: कई देशों में फलस्तीन के समर्थन में हुए प्रदर्शन
इजराइल पर हमास के हमले की दूसरी बरसी पर मंगलवार को कई देशों में फलस्तीन के समर्थन में प्रदर्शन हुए. हमास के हमले के बाद इजराइल ने गाजा में सैन्य कार्रवाई शुरू की थी, जिसमें अबतक हजारों फलस्तीनी मारे गए हैं. इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता में एक हजार से अधिक फलस्तीन समर्थक प्रदर्शनकारियों ने अमेरिकी दूतावास तक मार्च किया तथा गाजा पर इजराइल की नाकेबंदी तथा पिछले सप्ताह गाजा पहुंचने की कोशिश करने वाले ‘ग्लोबल सुमुद फ्लोटिला’ के कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेने की निंदा की.
प्रदर्शनकारियों ने ‘फलस्तीन को आजाद करो’ के नारे लगाए और झंडे लहराते हुए कार्यकर्ताओं की रिहाई की मांग की और गाजा में दो साल से चल रही इजराइली सैन्य कार्रवाई की निंदा की. हमास के नेतृत्व वाले चरमपंथियों ने सात अक्टूबर, 2023 को एक प्रमुख यहूदी अवकाश के दौरान किये हमले में लगभग 1,200 इजराइलियों की हत्या कर दी थी और 251 लोगों का अपहरण कर लिया था.
जापान में फलस्तीनियों सहित सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने गाजा में युद्धविराम और बंधकों की रिहाई की मांग को लेकर तोक्यो शहर में मार्च निकाला. ओसाका और अन्य प्रमुख शहरों में भी इसी तरह के विरोध प्रदर्शन हुए. ताइवान में फलस्तीन के समर्थन में मोमबत्ती जुलूस का आयोजन किया गया. ब्रिटेन के प्रधानमंत्री केअर स्टॉर्मर ने हमास के हमले की बरसी पर देश भर के विश्वविद्यालयों में आयोजित फलस्तीन समर्थक विरोध प्रदर्शनों की आलोचना की और इन्हें ‘ ब्रिटिश मूल्यों के विपरीत’ बताया.
‘द टाइम्स’ अखबार में लिखे लेख में स्टॉर्मर ने चेतावनी दी कि इस तरह के प्रदर्शनों से नफरत फैलाने वाली भाषा और यहूदी विरोधी भावना को बढ़ावा मिलने का खतरा है. तुर्किये के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्रालय ने कहा कि मंगलवार को इस्तांबुल में, जहां फलस्तीनियों के लिए जनता का समर्थन बहुत अधिक है, प्रतिष्ठित गलाटा टावर को फलस्तीनी ध्वज के रंगों से प्रकाशमान किया जाएगा, ताकि गाजा में मानवीय स्थिति की ओर ध्यान आर्किषत कराया जा सके. इस्तांबुल में इजराइली वाणिज्य दूतावास के पास विरोध प्रदर्शन का कार्यक्रम है.

