देशमुख्य समाचार

तमिलनाडु के मंदिरों ने स्वर्ण मुद्रीकरण योजना से 17.76 करोड़ रुपये का ब्याज राजस्व अर्जित किया

चेन्नई: तमिलनाडु के ंिहदू धार्मिक एवं धर्मार्थ बंदोबस्ती मंत्री पी के शेखर बाबू ने कहा है कि राज्य सरकार की स्वर्ण मौद्रीकरण योजना के तहत अर्जित ब्याज से राज्य भर में 21 मंदिर सालाना 17.76 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित करते हैं। विभिन्न मंदिरों को दान में दिए गए और अप्रयुक्त पड़े 1,074 किलोग्राम वजन के सोने के आभूषणों को पिघलाकर छड़ों में बदल दिया गया और संबंधित मंदिरों के नाम से एसबीआई की स्वर्ण निवेश योजना में जमा कर दिया गया।

कांचीपुरम जिले के चार मंदिरों – श्री कामाक्षी अम्मन मंदिर, सुब्रह्मण्यस्वामी मंदिर, कुंद्राथुर, तिरुविदंथई में नित्यकल्याणपेरुमल मंदिर और तिरुमलाईवैयावुर में प्रसन्ना वेंकटेश पेरुमल मंदिर – से 53.38 किलोग्राम वजन का सोना 12 अक्टूबर को सेवानिवृत्त सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश दोराई स्वामी राजू, राज्य के मंत्रियों और सरकारी अधिकारियों की उपस्थिति में एसबीआई को सौंप दिया गया।

मंत्री ने बताया कि अगले चरण में 12 मंदिरों से 378.6 किलोग्राम सोना भी बैंक में जमा किया जाएगा। सोमवार को यहां जारी एक विज्ञप्ति में उन्होंने कहा कि मदुरै के श्री मीनाक्षी सुंदरेश्वर मंदिर, इरोड के बन्नारी अम्मन मंदिर और तिरुप्पुर के करियाकालियामन मंदिर में स्वर्ण जमा योजना के क्रियान्वयन के लिए जल्द ही सरकारी आदेश जारी किए जाएंगे। स्वर्ण मुद्रीकरण योजना से अर्जित ब्याज का उपयोग मंदिरों के सुधार कार्यों के लिए किया जाएगा।

admin

Vedant Bhoomi is a trusted name in the real estate industry, dedicated to crafting sustainable, elegant, and high-quality living spaces. With a deep understanding of design, nature, and community living, we aim to create projects that inspire a harmonious and fulfilling lifestyle.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button